Home / स्वास्थय / अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक डॉ. वेद भारद्वाज की द्वितीय पुण्यतिथि पर कृतज्ञ शहरवासियों ने किया उनका भावपूर्ण स्मरण

अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक डॉ. वेद भारद्वाज की द्वितीय पुण्यतिथि पर कृतज्ञ शहरवासियों ने किया उनका भावपूर्ण स्मरण

कुष्ठ रोग के प्रति सामाजिक कलंक को दूर करने में आजीवन सक्रिय रहे डॉ. वेद भारद्वाज

कुष्ठ रोगियों के हित में शोध से सेवा तक डॉ. वेद भारद्वाज की दीर्घ कालीन यात्रा सराहनीय : प्रो. एसपी सिंह बघेल

कुष्ठ रोगियों की सेवा में डॉ. वेद भारद्वाज की सोच और डॉ. मधु भारद्वाज का समर्पण है प्रणम्य: राज बब्बर

नाक-गला रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव पचौरी को मिला डॉ. वेद भारद्वाज सम्मान-2026

आगरा: बुधवार 16 सितंबर 2026

लेप्रोसी पेशेन्ट्स वेलफेयर सोसायटी, आगरा द्वारा बुधवार शाम संजय प्लेस स्थित होटल पी.एल. पैलेस में अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक, राष्ट्रीय जालमा कुष्ठ एवं अन्य माइकोबैक्टीरियल रोग संस्थान के पूर्व निदेशक एवं सोसायटी के पूर्व सचिव स्व. डॉ. वेद भारद्वाज की द्वितीय पुण्यतिथि पर विज्ञान व्याख्यान-माला एवं सम्मान समारोह का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में शहर के प्रबुद्धजनों ने डॉ. वेद भारद्वाज का भावपूर्ण स्मरण करते हुए मानवता के लिए की गई उनकी सेवाओं को नमन किया।

मुख्य अतिथि केंद्रीय राज्य मंत्री प्रोफेसर एसपी सिंह बघेल ने कहा कि डॉ. भारद्वाज कुष्ठ रोग के प्रति सामाजिक कलंक को दूर करने में आजीवन सक्रिय रहे। कुष्ठ रोगियों के हित में शोध से सेवा तक डॉ. वेद भारद्वाज की दीर्घ कालीन यात्रा सराहनीय रही है। उनको पद्मश्री मिलनी चाहिए।

समारोह के अतिविशिष्ट अतिथि, प्रसिद्ध अभिनेता एवं पूर्व सांसद राज बब्बर ने अपने पत्र के माध्यम से स्व. डॉ. वेद भारद्वाज की सोच और डॉ. मधु भारद्वाज के समर्पण को सलाम किया। उन्होंने कहा कि इन दोनों की अथक सेवाओं के चलते लेप्रोसी पेशेन्ट्स वेलफेयर सोसायटी ने बिना सरकारी सहायता के मानवीय संवेदना के साथ यह साबित किया है कि सेवा केवल इलाज करना नहीं, बल्कि हर इंसान को सम्मान और गर्व के साथ जीने का अधिकार देना भी है।

वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. राजेंद्र मिलन ने उन्हें काव्यांजलि समर्पित करते हुए कहा- “दुख सुख में सहभागी थे। मानवता के प्रति रागी थे..”

उपलब्धि भारद्वाज ने उनका परिचय देते हुए बताया कि कुष्ठ अनुसंधान के अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त वैज्ञानिक डॉ. भारद्वाज ने 110 से अधिक शोधपत्रों की रचना की और वे जालमा संस्थान के निदेशक रहे। उन्होंने एस.एन. मेडिकल कॉलेज, आगरा से लेकर टोक्यो कैंसर संस्थान और लंदन के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल रिसर्च तक कार्य किया। 1977 से कुष्ठ सेवा सदन, आगरा से जुड़कर सेवा कार्य किया, जिसके लिए उन्हें मदर टेरेसा का आशीर्वाद भी प्राप्त हुआ।

इस दौरान स्वास्थ्य एवं चिकित्सा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्यों के लिए वरिष्ठ नाक-गला रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव पचौरी को डॉ. वेद भारद्वाज सम्मान-2026 से सम्मानित किया गया। इससे पूर्व मुख्य अतिथि केंद्रीय राज्य मंत्री प्रोफेसर एसपी सिंह बघेल और संस्था की सचिव डॉ. मधु भारद्वाज ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं स्वर्गीय डॉ. वेद भारद्वाज के चित्र पर माल्यार्पण और समक्ष दीप जला कर समारोह का शुभारंभ किया।

कार्यकारी अध्यक्ष डॉ. एएस सचान ने स्वागत उद्बोधन दिया। समिति की सचिव वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. मधु भारद्वाज ने सभी का स्वागत किया। समिति का परिचय गरिमा भारद्वाज ने दिया, संचालन श्रीकृष्ण ने किया और आभार संकल्प भारद्वाज ने व्यक्त किया। जी.एस. मनराल, गुल मोहम्मद और शिव शंकर बघेल ने व्यवस्थाएँ सँभालीं।

‘विभिन्न बीमारियों से बचाव में स्वच्छता की भूमिका’ विषय पर आयोजित विज्ञान व्याख्यान माला में मुख्य वक्ता डॉ. मुनीश्वर चतुर्वेदी ने कहा कि हमारा शौचालय हमारे ड्राइंग रूम से बेहतर होना चाहिए। पूर्व आईएएस शशिकांत शर्मा ने स्वच्छता के लिए बढ़ती जनसंख्या को बाधक बताया।

अन्य स्वास्थ्य विशेषज्ञों और समाजसेवियों ने कहा कि अधिकांश संक्रामक बीमारियों से बचाव का सबसे सस्ता और कारगर उपाय स्वच्छता ही है। नियमित हाथ धोने से डायरिया, टायफाइड और वायरल संक्रमण से बचा जा सकता है। स्वच्छ पेयजल और खुले में शौच से मुक्ति से कुष्ठ रोग सहित कई रोगों के संक्रमण का खतरा कम होता है। व्यक्तिगत स्वच्छता के साथ-साथ सामुदायिक स्वच्छता ही स्वस्थ भारत की आधारशिला है।

डॉ. डी.वी शर्मा, अरुण डंग, डॉ. नरेंद्र मल्होत्रा, आगरा आकाशवाणी के पूर्व केंद्र निदेशक नीरज जैन, अशोक अश्रु, डॉ. यशोयश, दीपक प्रहलाद, डॉ. गिरजा शंकर शर्मा, डॉ. भानु प्रताप सिंह और किरन शर्मा वक्ताओं में शामिल रहीं।

न्यूज़ डेस्क

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *